
“माड़ मैत्री” अभियान के अंतर्गत विशाल ड्राइविंग लाइसेंस एवं यातायात जागरूकता शिविर चढ़ा परिवहन कार्यालय अधीक्षक के लापरवाही की भेंट
शिविर में जिले के दूरस्थ एवं अंदरूनी क्षेत्रों से आए सैकड़ों ग्रामीण नागरिकों, युवाओं एवं वाहन चालकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया ड्राइविंग लाइसेंस बनाने के लिए
शिविर में लगभग 500 से अधिक स्थानीय एवं ग्रामीण पहुंचे थे ड्राइविंग लाइसेंस बनाने, जिसमें केवल 100 लोगों का ही बन पाया लर्निंग लाइसेंस
पुलिस अधीक्षक रॉबिन्सन गुड़िया के मार्गदर्शन में दिनांक 15 मई 2026 को जिला मुख्यालय स्थित क्रीड़ा परिसर में “माड़ मैत्री” अभियान के अंतर्गत विशाल ड्राइविंग लाइसेंस एवं यातायात जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया।

सूरज सरकार, प्रधान संपादक,न्यूज बस्तर की आवाज़
नारायणपुर/ जनसहभागिता एवं सामुदायिक पुलिसिंग की भावना को सशक्त करते हुए आयोजित इस शिविर में जिले के दूरस्थ एवं अंदरूनी क्षेत्रों से आए सैकड़ों ग्रामीण नागरिकों, युवाओं एवं वाहन चालकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
शिविर को सुव्यवस्थित ढंग से संचालित करने तथा ग्रामीणों को तकनीकी एवं विधिक सहायता प्रदान करने में जिला परिवहन कार्यालय नारायणपुर एवं परिवहन सुविधा केंद्र की टीम का विशेष योगदान रहा। इस दौरान जिला परिवहन कार्यालय नारायणपुर से कार्यालय अधीक्षक राजाराम घृतलहरे, डाटा एंट्री ऑपरेटर लीलम्बर नायक, विक्रम सिंह राणा तथा परिवहन सुविधा केंद्र से नीतिश शील, मोहम्मद जैद एवं आकाश बघेल ने सक्रिय रूप से उपस्थित रहकर आवेदकों के दस्तावेजों की जांच की एवं उन्हें ड्राइविंग लाइसेंस प्रक्रिया से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां प्रदान कीं।

नारायणपुर जिला नक्सलमुक्त होने के बाद से जहां जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन अलग अलग शासकीय योजनाओं के माध्यम से शिविर आयोजन कर स्थानीय एवं ग्रामीणों को सरल एवं सुगम तरीके से शासकीय दस्तावेज आसानी से उपलब्ध करने का प्रयास कर रहे है, वही शासकीय विभागों में जिले में एक ऐसा भी विभाग है जहां कोई भी शासकीय काम आसानी से नहीं होता है, विभाग में सभी छोटे से बड़े काम के लिए जिले में निवासरत यूपी एवं बाहरी RTO एजेंट के माध्यम से उचित दाम देना होता है। शासन प्रशासन द्वारा परिवहन विभाग के कार्यों के लिए कार्यालय का चक्कर न लगाना पड़े एवं कार्य आसानी से हो सके जिस कारण से जिला एवं विकासखंड स्तर पर परिवहन सुविधा केंद्र भी संचालित किया जाता है, कार्यों के सरल एवं सुगमता के लिए नारायणपुर जिले में भी 3 परिवहन सुविधा केंद्र संचालित है,लेकिन परिवहन विभाग में वर्षों से आसिन लापरवाह एवं भ्रष्टाचारी कार्यालय अधीक्षक अधिकारी के कारण विगत तीन माह से अधिक परिवहन सुविधा केंद्रों का नहीं किया जा रहा है नवीनीकरण और जिले के परिवहन विभाग कोई भी वाहन का काम सीधे और आसान तौर में नहीं किया जाता है और हितग्राही को मजबूर किया जाता है कि काम आप यूपी एवं अन्य बाहरी RTO एजेंट के माध्यम से कार्य करने पहुंचे जिससे कि संबंधित अधिकारी को छोटे से बड़े सभी काम के लिए उचित दाम मिल सके।

3 माह से अधिक हो गये लेकिन अब तक परिवहन सुविधा केंद्रों का नहीं हो पाया नवीनीकरण, परिवहन सुविधा केंद्रों का काम हुआ ठप्प
नारायणपुर जिले में शासन के योजनाओं के अनुरूप बेरोजगार युवक एवं युवतियों के स्वरोजगार एवं आर्थिक विकास हेतु जिले में तीन परिवहन सुविधा केंद्र संचालित है, लेकिन पिछले तीन माह से अधिक समय हो गया उक्त परिवहन सुविधा केंद्रों का नवीनीकरण हेतु परिवहन विभाग में आवेदन दिया गया है किंतु परिवहन विभाग में परिवहन अधिकारी तो कभी कार्यालय में बैठते ही नहीं जिसका पूरा लाभ विभाग में पदस्थ अन्य कर्मचारी कार्यालय अधीक्षक पूरा उठा रहे है और जानबूझकर नवीनीकरण कार्य को बाधित किया जा रहा है,जिले में संचालित परिवहन सुविधा केंद्रों के नवीनीकरण के संबंध में जब संचालनकर्ता से जानकारी ली गई तो ज्ञात हुआ कि परिवहन सुविधा केंद्रों का नवीनीकरण पिछले तीन माह से सम्बंधित अधिकारी द्वारा जानबूझकर नहीं किया जा रहा है, परिवहन विभाग के अधिकारी कार्यालय अधीक्षक द्वारा नवीनीकरण के नाम से 10000-10000 रुपये पहले ही लिया जा चुका लेकिन आज तक नवीनीकरण का कार्य पूरा नहीं किया गया है, अब परिवहन विभाग के भ्रष्ट अधिकारी कहे या राजा बाबू जो कि कई वर्षों से विभाग में अपना राम राज चला रहे है, जिसे परिवहन विभाग में अवैध वसूली का खुला छूट मिला हुआ है साथ ही लाइसेंस प्राप्त है और परिवहन संबंधित समस्त कार्यों के लिए फिर चाहे वाहन का नाम ट्रांसफर, नए वाहन का रजिस्ट्रेशन, ड्राइविंग लाइसेंस एवं अन्य RTO संबंधित कार्य सभी कामों के लिए मोटी रकम वसूला जाता है।


परिवहन सुविधा केंद्रों के माध्यम से शिविरों में हजारों से अधिक ड्राइविंग लाइसेंस बन सकते थे लेकिन लापरवाह अधिकारी के कारण मात्र 100 वाहन चालकों का बन पाया ड्राइविंग लाइसेंस
नारायणपुर जिले में वर्तमान में चल रहे माड़ मैत्री कार्यक्रम जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन द्वारा संयुक्त रूप से कराया जा रहा है जिसका मुख्य उद्देश्य माड़ एवं दूरस्थ क्षेत्रों के युवाओं एवं ग्रामीणों को शासकीय योजनाओं का लाभ दिलाना और शासन प्रशासन से मित्रता पूर्वक सभी शासकीय कार्यों निष्पादन करना है जिसके चलते जिले में ड्राइविंग लाइसेंस बनाने हेतु शिविर का आयोजन किया गया जिसमें जिले के दूरस्थ क्षेत्रों एवं आसपास के ग्रामों से हजारों से अधिक ग्रामीण लाभ लेने पहुंचे लेकिन परिवहन सुविधा केंद्रों का नवीनीकरण नहीं होने के कारण केवल परिवहन विभाग द्वारा ही लाइसेंस बनाने का काम किया गया जिसमें केवल प्रतिदिन 100 लाइसेंस बनाना निर्धारित होता है,जिसके कारण 400 से अधिक ग्रामीण बिना लाइसेंस बनाए घंटों तेज धूप में इंतजार करते हुए मायूस होकर वापस अपने गांव लौट गए,अगर विभाग के अधिकारी अपने स्वार्थ के लिए और लापरवाही न कर परिवहन सुविधा केंद्रों का नवीनीकरण कार्य समय रहते कर देते तो उक्त शिविर में अधिक से अधिक वाहन चालकों और ग्रामीणों का निःशुल्क ड्राइविंग लाइसेंस बन सकता था।

ड्राइविंग लाइसेंस बनाने परिवहन कार्यालय में 3000-5000 रूपये की मांग की जाती है।
उक्त शिविर से आए ग्रामीणों द्वारा कई किलोमीटर का सफ़र तय कर जब अतिरिक्त शुल्क (RTO कार्यालय में लगने वाले) के बिना लाइसेंस नहीं बनने के कारण ग्रामीणों ने अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि परिवहन विभाग में जब ड्राइविंग लाइसेंस बनाने हेतु जाया जाता है तब भी कार्यालय का बार बार चक्कर लगाना पड़ता है और जब कर्मचारी मिलते है तो लाइसेंस हेतु 3000-5000 रुपए की मांग किया जाता है, इस कारण आम नागरिक परिवहन कार्यालय का चक्कर नहीं लगाना चाहता है। जिसके कारण हम लोग माड़ मैत्री शिविर में ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने आए थे लेकिन यहां भी 100 से अधिक लोगों का नहीं बन पाएगा करके वापस भेज दिया गया और अगले शिविर या कार्यालय आकर बनवाने की बात कही गई।



🔹 शिविर की प्रमुख उपलब्धियां
1. ऑन-द-स्पॉट सहायता एवं मार्गदर्शन
परिवहन एवं पुलिस विभाग की संयुक्त टीम द्वारा नागरिकों को ड्राइविंग लाइसेंस हेतु ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया, लर्निंग लाइसेंस एवं आवश्यक दस्तावेजों के संबंध में सरल एवं सहज भाषा में मार्गदर्शन दिया गया। मौके पर ही बड़ी संख्या में ग्रामीणों का पंजीयन कर उन्हें विधिक प्रक्रियाओं से जोड़ा गया।
2. यातायात सुरक्षा पर विशेष जागरूकता
यातायात पुलिस द्वारा सड़क सुरक्षा नियमों, ट्रैफिक संकेतों, हेलमेट एवं सीट बेल्ट की अनिवार्यता पर विशेष जागरूकता सत्र आयोजित किए गए। उपस्थित नागरिकों को “सुरक्षित यातायात – सुरक्षित जीवन” का संदेश देते हुए नशे की हालत में वाहन न चलाने की समझाइश दी गई।
3. अबूझमाड़ क्षेत्र की सक्रिय सहभागिता
विशेष रूप से छोटे डोंगर, एडका, भरंडा एवं ओरछा क्षेत्र से आए युवाओं की उल्लेखनीय सहभागिता रही। बड़ी संख्या में युवाओं ने ड्राइविंग लाइसेंस हेतु आवेदन कर शासन की सुविधाओं से जुड़ने की दिशा में सकारात्मक पहल दिखाई। यह प्रयास युवाओं को विधिक रूप से सशक्त बनाने के साथ-साथ उन्हें विकास की मुख्यधारा से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
🔹 पुलिस अधीक्षक का संदेश
इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक श्री रॉबिंसन गुड़िया ने कहा कि नारायणपुर पुलिस के माड़ मैत्री कार्यक्रम का ध्येय वाक्य “विग्रह से विश्वास” केवल एक संदेश नहीं, बल्कि जनता के बीच विश्वास निर्माण की सतत प्रक्रिया है। उन्होंने सफल आयोजन हेतु परिवहन विभाग एवं पुलिस टीम के आपसी समन्वय की सराहना की।

उन्होंने कहा कि “माड़ मैत्री” अभियान का उद्देश्य दूरस्थ क्षेत्रों तक पहुंचकर आम नागरिकों को शासन की योजनाओं एवं सुविधाओं से जोड़ना, युवाओं को जागरूक करना तथा पुलिस और जनता के बीच आत्मीय संबंध स्थापित करना है।

नारायणपुर पुलिस भविष्य में भी सामुदायिक पुलिसिंग के अंतर्गत इस प्रकार के जन-जागरूकता एवं जनहितैषी कार्यक्रमों का आयोजन निरंतर जारी रहेगा
















